अयोध्या,काशी,मथुरा अब फतेहपुर मकबरा विवाद:Fatehpur Makbara Vivad

इस देश में अगर हिंदू मुसलमान ना हो तो यह देश चल नहीं सकता,ज्यादा समय तक हिंदू मुसलमान का विवाद थम नहीं सकता है भारत में,अब कुछ हिंदू संगठनों ने फतेहपुर मकबरे पर चढ़कर यह बोल दिया कि यहां पहले हिंदू मंदिर था उसके बाद विवाद शुरू हो गया, उधर मुस्लिम पक्ष इसे नवाब अब्दुल समद का मकबरा बताया,मुस्लिम समुदाय के लोग ने भी पत्थरबाजी शुरू कर दीhttp://news24hourslatest.in
क्या है फतेहपुर का मकबरा विवाद:
फतेहपुर जिला मुख्यालय के अबू नगर,रेडिया इलाके मे स्थित एक मकबरा विवाद का केंद्र बन गया है,हिंदू संगठनों का कहना है कि यहां पर पहले हिंदू मंदिर था,”मठ-मंदिर संरक्षण संघर्ष समिति” और भाजपा के स्थानीय नेताओं ने दावा किया कि यह असल में शिव और ठाकुरजी का प्राचीन मंदिर था,आगे उन्होंने कहा कि इस मंदिर में शिवलिंग और त्रिशूल भी मौजूद रहे हैं, उसके बाद क्या था,जिनमें युवाओं के रगों में हिंदू का खून दौड़ता है वह चढ़ गए मकबरा तोड़ने के लिए उसके बाद भगवा झंडा फहराने की कोशिश भी किये
पुलिस ने कैसे लिया एक्शन:
विवाद के बाद कोतवाली पुलिस ने लगभग 160 से 70 लोगों के खिलाफ है FIR दर्ज की है,जिसमें से कुछ तो अज्ञात भी हैं,आरोपों में राजनैतिक हिंसा,तोड़फोड़, और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने जैसे अपराध शामिल हैं,आपको बता दे की भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 190, 191(2), 191(3), 196, 301, लोक संपत्ति क्षति निवारण अधिनियम, और 7 क्रिमिनल लॉ एक्ट के तहत मुकदमा दर्ज किया है
सपा प्रमुख अखिलेश यादव ने क्या कहा:
समाजवादी पार्टी के मुखिया अखिलेश यादव ने भाजपा को टारगेट करते हुए कहा कि भाजपा केवल राजनीति के लिए यह सब कर रही है,उनका शुरू से कहना है कि जो भी दंगे होते हैं सब भाजपा कराती है
उप मुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने क्या कहा:
उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री बृजेश पाठक ने कहा कि सपा धार्मिक उन्माद फैलाने की कोशिश कर रही है, उन्होंने आगे यह भी कहा की स्थिति फिलहाल प्रशासन के नियंत्रण में है
मायावती ने क्या कहा इस विवाद पर:
बसपा प्रमुख और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने फतेहपुर मकबरा विवाद पर अपना बयान दिया है,उन्होंने एक्स पर पोस्ट किया है की उत्तर प्रदेश सरकार इस मामले को गंभीरता से ले और जल्दी इसका निवारण करें,उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने सरकार पर आरोप लगाते हुए कहा कि सरकार को किसी भी समुदाय के प्रति ऐसी कोई कदम उठाने के लिए प्रेरित नहीं करना चाहिए जिससे सांप्रदायिक माहौल बने,आगे उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि ऐसी घटनाएं देश में प्रदेश में ना हो,इससे सामाजिक एकता भंग होती है
धर्मगुरु इमरान मसूद ने क्या कहा:
धर्मगुरु इमरान मसूद ने इस विवाद पर अपना एक और विवादित बयान दे दिया उनका कहना है कि अगर वहां पर कोई मुस्लिम होता है तो उसे गोली मार दी जाती है वह हिंदू था इसलिए उसे गोली नहीं मारी गयी
आरोपियों के नाम जो पुलिस द्वारा पकड़े गए:
1-अभिषेक शुक्ला
2-धर्मेंद्र सिंह (जनसेवक)
3-आशीष त्रिवेदी
4-पप्पू सिंह चौहान
5-प्रसून तिवारी
6-ऋतिक पाल (सभासद)
7-विनय तिवारी (सभासद)
8-पुष्पराज पटेल
9-अजय सिंह उर्फ रिंकू लोहारी (जिला पंचायत सदस्य)
10-देवनाथ धाकड़े
इसके अलावा 150 अज्ञात व्यक्तियों को भी इस मामले में शामिल किया गया है
फिलहाल मामला पुलिस के अंडर है लेकिन अब देखना है कि आगे इस पर क्या कार्रवाई होती है,आखिर हम यह सिद्ध करके अपने समाज को कहां ले जा रहा है एक मकबरे पर चढ़कर उसे तोड़ना फिर यह कहना कि वहां हिंदू के देवी देवताओं का वास है ये कहां तक न्याय संगत है,खुद का भविष्य बनाने के बजाय मंदिर मस्जिद हो रहा है,खैर देखते हैं आगे क्या होता है पढ़ते रहिए मेरा न्यूज़ चैनल
