दिल्ली ब्लास्ट:यूनिवर्सिटी को लेकर बहुत बड़ा खुलासा

10 नवंबर की रात दिल्ली में i20 कार में जो ब्लास्ट हुआ उसमें करीब 20-25 लोग मारे गए,उसमें पता चला कि कुछ डॉक्टर का हाथ है जिसमें महिला डॉक्टर भी है जो की एक विशेष जाति के हैं पुलिस जांच कर रही है कुछ लोग पकड़े भी गए हैं,रोज कोई ना कोई नई खुलासे से हो रहे हैं,इस घटना का संबंध कई जगह से जोड़ा जा रहा है आपने देखा कैसे फरीदाबाद में विस्फोटक सामग्री पकड़ी गई और पूरे उत्तर प्रदेश में हाई अलर्ट घोषित हो चुका है और हर जगह जांच हो रही हैhttp://news24hourslatest.in
आईए जानते हैं खुलासा क्या हुआ:
अलफलाह यूनिवर्सिटी को लेकर बहुत बड़ा खुलासा हुआ है कुछ डॉक्टर है जो इस घटना में इंवॉल्व हुए और एक महिला डॉक्टर थी जो बाकायदा ऐसी गतिविधियों को अंजाम देती है और वह अलफलाह यूनिवर्सिटी की डॉक्टर है,खुलासा यह हुआ कि अलफलाह यूनिवर्सिटी की बिल्डिंग नंबर 17 और कमरा नंबर 13 और इसी रूम से डॉक्टर मुजम्मिल भी रहता था,बताया जा रहा है कि यही कमरा रहा था जहां बैठकर साजिश रची जाती थी और डॉक्टर शाहीन इसी कमरे में आती थी और पूरे ग्रुप के साथ इस कमरे में चर्चाएं की जाती थी कि कैसे घटना को अंजाम देना है,पुलिस की जांच मे यह भी पता चला कि इस यूनिवर्सिटी के लैब में जो भी केमिकल होते थे उसी में से यह लोग थोड़ा-थोड़ा करके बाहर भेजा करते थे,इसके अलावा पुलिस ने उनके कमरे से लैपटॉप, पेन ड्राइव,डाटा केबल और भी कई चीजे बरामद की है, और आसपास के गांव में यह केमिकल लेकर जाया करते थे और जिस कार में यह केमिकल लेकर जाया करते थे उसी कार को पुलिस ने पकड़ा है,पुलिस को शक है की और भी सामग्री बरामद की जा सकती हैं,पुलिस पूरी छानबीन कर रही है इस मामले में
क्या यह यूनिवर्सिटी आतंक का अड्डा था:
इस यूनिवर्सिटी में बहुत लड़के मेडिकल की पढ़ाई कर रहे थे जो आगे चलकर देश की सेवा करेंगे ऐसे यूनिवर्सिटी में ऐसी घटना को अंजाम देना यह अकल्पनीय है लेकिन कुछ लोगों के चलते यह पूरी यूनिवर्सिटी बर्बाद हो चुकी है परंतु यह कहना भी गलत होगा कि सारे लड़के आतंकी संगठनों का साथ देते थे या फिर ऐसी शाजिस रचते थे,ये मात्र कुछ लोगों का काम है जिसकी वजह से अन्य छात्र भी बदनाम हो रहे हैं
बाबरी मस्जिद का बदला लेना मकसद था:
6 दिसंबर 1992,मुसलमानोे के लिए वह काला दिन था जब बाबरी मस्जिद को गिराया गया,दिल्ली के इस ब्लास्ट को कुछ हद तक बाबरी मस्जिद से जोड़ा जा रहा है ऐसा कहा जा रहा है कि बाबरी मस्जिद का बदला इस बम धमाके से लिया गया है और धमाका और भी बड़ा होने वाला था लेकिन हमारी जांच एजेंटीयों ने इसे रोक लिया,ऐसा कहां जा रहा है कि इन्होंने 32 कारों को प्लान किया था बम से भड़काने के लिए और अलग-अलग जगह यह 32 कारें भेजी जा सकती थी,किसी इमारत के पास,किसी मंदिर के पास,भील वाड़े इलाकों में जिससे कि लाखों लोगों की जान जाती और जो मंदिर है वह भी निशाना बनते हैं इनके साजिश का,इस न्यूज़ को इंटेलिजेंट सोर्स द्वारा कन्वे किया गया है की बहुत बड़ी साजिश रचने वाले थे यह आतंकी लेकिन वक्त के पहले बेनकाब हो गए,धीरे-धीरे सारी चीज खुलकर सामने आ रही है देश में उनके वजह से माहौल खराब हो रहा है जो लोग पकड़े गए हैं वह पढ़े लिखे हैं,इंटेलिजेंस ब्यूरो का यह भी कहना है कि इन लोगोे का कनेक्शन पाकिस्तान से है यह लोग वहां जाते थे आतंकवादी संगठन से मिलते थे और उसके बाद इंडिया में बम ब्लास्ट करने की प्लानिंग करते थे सोचिए यह पढ़े-लिखे डॉक्टर भारत में रहकर भारत का खाते हैं,भारत का पीते हैं भारत की धरती पर पांच वक्त का नमाज अदा करते हैं और फिर भारत को ही तबाह करना चाहते हैं,दावा किया जा रहा है कि जिस दिन यह बम ब्लास्ट हुआ उसी दिन आतंकी उमर आतंकी संगठन के कनेक्शन में था हर बात की रिपोर्टिंग करता था वह भी एक एप्स के जरिए और वहीं से इनको दिशा निर्देश मिला था कि कैसे क्या करना है
मुसलमान डॉक्टर देश को बर्बाद कर रहा है:
देशभक्ति कोई जाति नहीं होती गद्दार का कोई धर्म नहीं होता यह लाइन सदियों से हम सुनते चले आ रहे हैं परंतु ऐसे ऐसे कारनामें देखने को मिल रहे हैं जो एक विशेष वर्ग को ही टारगेट करते हैं,दिल्ली ब्लास्ट में जितने आरोपी है सब मुसलमान है और डॉक्टर की पढ़ाई कर रहे हैं सोचिए कितनी बड़ी साजिश रच रहे थे यह भारत में रहकर भारत के प्रति,इनके दिमाग को किस तरीके से मोटिवेट किया गया है कि यह आदमी की जान लेने के लिए आतुर हो गए हैं इन आरोपियों ने डॉक्टर की परिभाषा ही बदल दी इनका कनेक्शन पाकिस्तान से निकल कर आ रहा है जो कि खुद एक आतंकी देश है आतंकवादियों को पनाह देता है,पुलिस ने अब तक छह डॉक्टरों को पकड़ा है,आखिर यह साजिश क्यों रची जा रही है सबसे बड़ा सवाल तो यह है इन पढ़े-लिखों से पूछना होगा कि आखिर इस शाजिस के पीछे का कारण क्या है,पुलिस लगी है छानबीन करने में,अब देखते हैं आगे क्या होता है,जानने के लिए पढ़ते रहिये मेरा न्यूज़ चैनल
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