अल्लंद विधानसभा क्षेत्र में वोट चोरी का सच

जैसा कि हम सबको पता है कि राहुल गांधी पिछले 1 महीने से लगातार वोट चोरी का आरोप लगा रहे हैं,कभी महाराष्ट्र को लेकर कभी बेंगलुरु को लेकर और अब राहुल गांधी ने कर्नाटक के अल्लंद विधानसभा पर वोट चोरी का आरोप लगाया है,एक के बाद एक खुलासे राहुल गांधी इलेक्शन कमीशन के खिलाफ कर रहे हैं लेकिन इलेक्शन कमीशन उनकी बातों को नजर अंदाज कर रहा है,आईए जानते हैं कर्नाटक के अल्लंद विधानसभा का क्या है पूरा मामलाhttp://news24hourslatest.in
अल्लंद विधानसभा:
हाल ही में राहुल गांधी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस की कर्नाटक के अल्लंद विधानसभा क्षेत्र को लेकर जिसमें उन्होंने यह दावा किया कि वहां वोटर की सूची से बिना किसी कारण के लोगों के नाम हटाए गए हैं यानी कुल मिलाकर यहां भी वोट चोरी हो रही है,इससे पहले राहुल गांधी ने महाराष्ट्र के धुले विधानसभा क्षेत्र में वोट चोरी का आरोप लगाया था वहां उन्होंने एक लाख वोटो की चोरी होने का आरोप लगाया
क्या आसान है वोटर लिस्ट से नाम हटाना:
दरअसल राहुल गांधी का कहना है कि वोटर सूची से वोटरों के नाम हटाए जा रहे हैं बिना कोई कारण के, लेकिन एक बात यह भी सत्य है कि वोटरों का नाम सूची से ऑनलाइन हटाना कोई आसान काम नहीं है,अगर आपको नाम हटाना है तो कानूनी प्रक्रिया के तहत आप नाम हटा सकते हैं,इसके लिए आपको फॉर्म 7 को भरना होगा उसके बाद उस आवेदन पर BLO और ERO के माध्यम से फील्ड जांच होती है,उसके बाद उस व्यक्ति को नोटिस दी जाती है और फिर सुनवाई भी होती है उसके बाद एक महीने का क्लेम होता है और ऑब्जेक्शन पीरियड होता है जहां कोई भी पार्टी या व्यक्ति अपना विरोध दर्ज कर सकता है
आईए जानते हैं सच क्या है:
लोकसभा नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा की अल्लंद विधानसभा क्षेत्र में वोट डिलीट होने के वजह से कांग्रेस पार्टी को नुकसान पहुंचा है लेकिन अल्लंद विधानसभा क्षेत्र से कांग्रेस को उम्मीदवार भोजराज ने जीत दर्ज की थी 2023 में और आपको बता दे की बीजेपी के सुवाष गुत्तेदार को भोजराज ने 10,348 वोटों के अंतर से हराया, लेकिन सोचने वाली बात है कि अगर सचमुच बड़े पैमाने पर वाटर डिलीट किए गए होते तो कांग्रेस की जीत कैसे होती तब तो वहां बीजेपी के उम्मीदवार को जितना चाहिए था,राहुल गांधी कहना चाहते हैं कि क्या जीत भी वोट चोरी की वजह से हुई जब एक पत्रकार ने राहुल गांधी से पूछा कि अगर आपके पास पुख्ता सबूत है तो आप कोर्ट में क्यों नहीं जाते हैं, कंप्लेंट फाइल क्यों नहीं करते हैं, तब राहुल गांधी ने कहा कि उनका काम लोकतंत्र बचाने का नहीं है क्योंकि लोकतंत्र बचाने का काम जांच एजेंसी का है,राहुल गांधी का यह बयान देशद्रोही बयान है क्योंकि लोकतंत्र बचाने का काम हर राजनीतिक दलों का है,राहुल गांधी ने यहां तक कह दिया कि वह कोर्ट नहीं जाएंगे क्योंकि अगर कोर्ट में सच्चाई साबित हुई तो राफेल की तरह,मोदी सरनेम की तरह,सावरकर पर बयान की तरह,तो उन्हें सुप्रीम कोर्ट से माफी मांगी पड़ेगी
कर्नाटक की महादेवपुरा में वोट चोरी का इलज़ाम झूठा निकला:
अपने कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने कर्नाटक की महादेवपुरा मे फर्जी वोटर जोड़ने की बात किए थे,राहुल गांधी ने कहा कि एक ही घर से 80 वोटरों के नाम आए हैं जबकि वहां इतने लोग रहते भी नहीं है और जब मीडिया वालों ने सच्चाई जानने की कोशिश की तो वहां के लोगों ने बताया कि राहुल गांधी झूठ बोल रहे हैं क्योंकि कर्नाटक में कांग्रेस की सरकार है और अगर फर्जी वोट पढ़ रहे हैं तो कांग्रेस की देन है फिर
राहुल गांधी जानते हैं कि अगर वो कोई मुद्दा नहीं उछाले तो उनकी पार्टी की चर्चा भी होनी मुश्किल है देश में, इसलिए राहुल गांधी कोई ना कोई मुद्दा पकड़ कर ही चलते हैं कभी राफेल का मुद्दा,कभी सावरकर का मुद्दा, कभी मोदी सरनेम का मुद्दा, तो अब वोट चोरी का मुद्दा, राहुल गांधी को ये भली-भांति पता है कि अगर वह जनता के बीच में कोई मुद्दा लेकर नहीं जाएंगे तो आने वाले समय में कांग्रेस पार्टी के लिए मुसीबत की घड़ी साबित हो सकती है,क्योंकि राहुल गांधी के कार्यकाल में अभी तक कांग्रेस ने कोई खास तरक्की नहीं कि,राहुल गांधी लगभग हर राज्य में किसी ने किसी बड़े पार्टी के गठबंधन के साथ रहते हैं ताकि उनको कुछ सिट हर राज्य में प्राप्त हो और उनकी चर्चाएं लोगों में ज्यादा से ज्यादा बनी रहे, कभी अखिलेश यादव के साथ रहते हैं तो कभी तेजस्वी यादव के साथ रहते हैं,और अब इंडिया गठबंधन में यह सारी पार्टियां मुख्य रूप से एक दूसरे के साथ जुड़ी हुई है,अब देखना है कि इस हाइड्रोजन बम में कितनी सच्चाई है और इसका परिणाम क्या होता है आने वाले बिहार के विधानसभा चुनाव में,जानने के लिए पढ़ते रहिए मेरा न्यूज़ चैनल
