वाह रे महागठबंधन,243 सीटों पर उतरे 254 प्रत्याशी

बिहार में इन दिनों विधानसभा का चुनावी माहौल चल रहा है इसी बीच अलग-अलग प्रकार की खबरें आ रही हैं,खबरों के हिसाब से पता चल रहा है की सीट शेयरिंग को लेकर काफी उम्मीदवार नाराज है खासकर इंडिया गठबंधन में,एनडीए गठबंधन में कुछ नेता नाराज थे तो खबर आ रही है कि वह मान गए और खूब प्रचार प्रसार कर रहे हैं अपने पार्टी के लिए लेकिन वहीं दूसरी तरफ इंडिया गठबंधन में अभी कुछ ठीक नहीं चल रहा है कांग्रेस जेडीयू और अन्य छोटे दलों में अभी उम्मीदवार को लेकर खींचतान हो ही रहा है,आपको बता दे कि बिहार बिहार मे 243 विधानसभा सीट है जबकि इंडिया गठबंधन ने 254 प्रत्याशी मैदान में उधार दिए है,लगभग 11 प्रत्याशी ऐसे हैं इंडिया गठबंधन में जो एक पार्टी में रहकर एक दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं,आईए जानते हैं इन प्रत्याशियों के बारे मेंhttp://news24hourslatest.in
आखिर क्यों हो रहा है घमासान:
1-बिहार विधानसभा के दूसरे और आखिरी फेस की नामांकन की प्रक्रिया सोमवार को समाप्त हो गई है, जिसमें 300 से अधिक प्रत्याशियों की पर्चा खारिज हो चुके हैं,243 सदस्यीय विधानसभा की 121 सीटों पर 6 नवंबर और दूसरे फेज की 122 सीटों के लिए 11 नवंबर को मतदान होना है,आपको बता दे कि दूसरे फेस के आखिरी दिन महागठबंधन में दरार पैदा हो गया,243 विधानसभा सीटों पर 254 प्रत्याशी उतार दिए गए,कहा जा रहा है कि यह मामला विकासशील इंसान पार्टी की वजह से गड़बड़ हुआ है,आपको बता दे कि राजद के 143 उम्मीदवार कांग्रेस के 61,CPI(M) के 20,CPI के 9,CPM के 6,और मुकेश साहनी की पार्टी विकासशील इंसान पार्टी के 15 प्रत्याशी मैदान में उतरे हैं,और इसे अगर आप जोड़ेंगे तो संख्या हो जाती है 254 और विधानसभा सीट है 243,इसमें 12 प्रत्याशी ऐसे हैं जो एक दूसरे के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं
• आपको बता दे कि राजद इस बार सबसे ज्यादा सीटों पर चुनाव लड़ रही है इसी कारण कांग्रेस और अन्य महागठबंधन के दलों में सीट शरीर को लेकर काफी विवाद हुआ
•आपको बता दे कि कांग्रेस ने पिछली बार 66 सीटों की मांग की थी जिसमें से मात्र 19 सिट उसे दी गई लेकिन इस बार कांग्रेस को 61 सिट राजद ने दिया है
• विकासशील इंसान पार्टी जो पिछले विधानसभा में एनडीए के साथ थी लेकिन इस बार इंडिया गठबंधन के साथ है आपको बता दे विकासशील इंसान पार्टी ने 15 प्रत्याशी मैदान में उतरे हैं लेकिन इनमें से दो विधानसभा सिट ऐसी है जहां तेजस्वी यादव के उम्मीदवार उतरे हैं यानी की इंडिया गठबंधन के दो पार्टी के उम्मीदवार एक दूसरे के खिलाफ लड़ रहे हैं
2-बात करें एनडीए गठबंधन की तो जनता दल यूनाइटेड और लोक जन शक्ति पार्टी (रामविलास) में काफी विवाद हुआ सीट शेयरिंग को लेकर अटकलें यह भी लगाई जा रही थी कि चिराग पासवान को सम्मानजनक सिट नहीं मिली तो वह दूसरे पार्टी भी ज्वाइन कर सकते हैं लेकिन एनडीए गठबंधन ने उन्हें 29 सिट दी
•JDU की सीटें घटाई गईं,ताकि BJP को बराबर या अधिक सीटें मिलें। गठबंधन में शक्ति-संतुलन बदला है।
•20 साल की सत्ता के बाद NDA एंटी-इनकंबेंसी का सामना कर रहा है ,जबकि विपक्ष की फूट उसे राहत दे सकती है
आईए जानते हैं कितनी पार्टियां उतरी हैं चुनाव में:
बिहार में नवंबर में विधानसभा चुनाव होने वाले हैं ऐसे में सभी पार्टी अपने उम्मीदवार घोषित कर चुके हैं नामांकन की प्रक्रिया पूरी हो चुकी है अब प्रचार जोरों शोरों से हो रहा है ऐसे में सबको जानने की इच्छा होती है कि बिहार में कितनी पार्टियां चुनाव लड़ रही है वैसे तो जो मुख्य धारा की पार्टि है हैं बिहार में वह है इंडिया गठबंधन, एनडीए गठबंधन और जन सुराज पार्टी लेकिन आपको बता दे कि इसके अलावा लगभग 65 से 70 ऐसी राजनीतिक दल है जो बिहार में विधानसभा चुनाव लड़ रही है,आपको बता दे कि आम आदमी पार्टी भी 243 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ रही है,जन सुराज 243 विधानसभा सीटों पर चुनाव लड़ रही है इसके अलावा ओमप्रकाश राजभर की पार्टी भी डेढ़ सौ सीटों पर चुनाव लड़ रही है,इसके अलावा एआइएमआइएम के मुखिया असदुद्दीन ओवैसी ने कहा है कि उनकी पार्टी लगभग 100 सीटों पर चुनाव लड़ेगी,आपको बता दे की एआइएमआइएम इंडिया गठबंधन में शामिल होने की बात भी कही थी लेकिन तेजस्वी यादव ने उन्हें अपने दल में शामिल नहीं किया इस वजह से उन्होंने यह ऐलान किया कि अकेले दम पर चुनाव लड़ेंगे और अधिक से अधिक सिट जीतेंगे,ओवैसी का पारंपरिक क्षेत्र सीमांचल है जहां उन्होंने पांच में से चार सिट पिछली बार जीती थी परंतु वह चारों विधायक राष्ट्रीय जनता दल में शामिल हो गए
बिहार में विधानसभा चुनाव के नामांकन का दौर खत्म हो चुका है लेकिन अभी भी पार्टी में सीट शेयरिंग को लेकर काफी नाराजगी है,मुकेश साहनी जो इंडिया गठबंधन में शामिल है इस विधानसभा चुनाव में उनके प्रत्याशी खुद राष्ट्रीय जनता दल के खिलाफ चुनाव लड़ रहे हैं ऐसे में कार्यकर्ता असमंजस में है कि वह किसका प्रचार करें अगर ऐसा हुआ तो इसका नुकसान इंडिया गठबंधन को झेलना पड़ेगा,अब देखते हैं कि आगे और क्या-क्या रंग देखने को मिलता है चुनाव में फिलहाल अन्य खबरों के लिए पढ़ते रहिए मेरा न्यूज़ चैनल
