36 में से 27 मंत्री ही क्यों बनाये नितीश

2025 के बिहार के विधानसभा चुनाव में एनडीए को जबरदस्त जीत मिली है पूर्ण बहुमत की सरकार बनने के बाद नीतीश कुमार ने 10वीं बार मुख्यमंत्री की शपथ ली है जिसमें प्रधानमंत्री मोदी भी शामिल थे,इस शपथ ग्रहण समारोह में मोदी के अलावा और भी कई बड़े नेता शामिल थे,इस शपथ ग्रहण समारोह में लगभग 27 विधायक ऐसे थे जिन्हें मंत्री पद की शपथ ली है,इस नए मंत्रीमंडल को समाज के विभिन्न वर्गों को देखते हुए बनाया गया है,जनता दल यूनाइटेड का कहना है कि यह सारे मंत्री जनता की हर बातों को पूरा करेंगे और निष्पक्ष रूप से काम करेंगेhttp://news24hourslatest.in
जानते हैं कौन-कौन मंत्री बना:
नीतीश कुमार के शपथ ग्रहण समारोह में कुल 27 नेताओं ने मंत्री पद की शपथ ली है,इस मंत्रिमंडल में आठ नेता जनता दल यूनाइटेड के ज्यादा नेता भारतीय जनता पार्टी के वही लोग जनशक्ति पार्टी रामविलास के मात्र दो नेता,हिंदुस्तानी आवाम मोर्चा और आरएलएम के एक-एक मंत्री बने हैं,आपको बता दे की जीतनराम मांझी पांच सीटों पर चुनाव जीते थे वहीं उपेंद्र कुशवाहा चार सीटों पर और चिराग पासवान 19 सीटों पर लेकिन जीतनराम मांझी के एक,उपेंद्र कुशवाहा के एक और चिराग पासवान के दो नेता मंत्री बनाए गए हैं
36 मंत्रियों में से मात्र 27 मंत्री क्यों बने:
आपको बता दे की पूरे बिहार में 36 मंत्री बन सकते हैं लेकिन इस बार के मंत्रिमंडल में मात्र 27 नेता ही मंत्री बने हैं अभी एनडीए गठबंधन नौ सीट को खाली रखा है, इसका क्या करना है यह तो नीतीश कुमार और बीजेपी जाने,या तो हो सकता है आने वाले समय में जब कैबिनेट का विस्तार हो तो अन्य नेताओं को जिनकी पार्टी के एक-एक मंत्री बने हैं उन्हें जगह दी जाए, हालांकि चिराग पासवान को बहुत उम्मीद है इस गठबंधन से,चिराग पासवान नीतीश कुमार से ज्यादा करीब नरेंद्र मोदी के हैं,आपको बता दे की चिराग पासवान नरेंद्र मोदी को हनुमान बता चुके हैं,तो अब चिराग पासवान की पार्टी यह सोच सकती है कि रिक्त हुए 9 पदों में चिराग पासवान की पार्टी को कुछ पद मिल सकते हैं लेकिन अभी कुछ कहा नहीं जा सकता
क्या चिराग पासवान जनता दल यूनाइटेड से नाराज है:
चुनाव संपन्न हुआ एनडीए की पूर्ण बहुमत की सरकार बन गई और नीतीश कुमार ने शपथ भी ले लिया लेकिन चिराग पासवान के पार्टी के दो नेताओं को मंत्री बनाया गया है इससे यह प्रयास लगाया जा रहा है कि चिराग पासवान थोड़े नाराज नजर आ रहे हैं क्योंकि इस बार चिराग पासवान का परफॉर्मेंस भी अच्छा था 29 सीटों में से उन्होंने 19 सिट जीती,कुछ लोगों का कहना है कि चिराग पासवान राज्यसभा सीट की मांग कर सकते हैं अपने पार्टी के नेताओं के लिए,उपेंद्र कुशवाहा के एक नेता को मंत्री बनाया गया है उपेंद्र कुशवाहा भी राज्यसभा सेट की मांग कर सकते हैं,कुछ लोग यह भी कह रहे है कि,चिराग पासवान के नेताओं को विधान परिषद भी भेजा जा सकता है,आपको बता दे कि इस बार उपेंद्र कुशवाहा के बेटे दीपक प्रकाश को भी मंत्रिमंडल में जगह दिया गया है,बीजेपी ने यह वादा किया था कि उनके पार्टी के एक नेता को एमएलसी बनाएंगे वहीं दूसरी तरफ सीताराम मांझी के पुत्र संतोष सुमन ने भी मंत्री पद की शपथ ली है और वह बिहार के विधान परिषद सदस्य भी है तो इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि चिराग पासवान के नेताओं को भी एमएलसी बनाया जा सकता है
तेज प्रताप यादव और तेजस्वी यादव ने दी बधाई:
तेज प्रताप कि लालू परिवार से निष्कासित होने के बाद अपनी अलग पार्टी बनाई थी जनशक्ति जनता दल तेज प्रताप यादव बिहार के 44 सीटों पर चुनाव लड़ी लेकिन दुर्भाग्य यह हुआ कि एक भी सेट तेज प्रताप यादव की पार्टी नहीं जीत पाई लेकिन उन्होंने मोदी की तारीफ की और उनके जितने बधाई भी दिए,कहा है क्या पूरी उम्मीद करते हैं कि एनडीए की सरकार बिहार के 14 करोड़ जनता किए गए हर वादे को पूरा करें,बेरोजगारी जैसी गंभीर समस्याओं को दूर करने हेतु बेहतर काम किया जायेगा और बिहार को विकास के पथ पर तेज गति से आगे बढ़ाया जाएगा.
नीतीश कुमार ने रिकॉर्ड कायम कर दिया:
जी हां दोस्तों नीतीश कुमार इकलौते ऐसे मुख्यमंत्री हैं जिन्होंने,लगातार 10 बार शपथ लिया है,आपको बता दे कि नीतीश कुमार सन 2000 में पहली बार सीएम पद की शपथ लिए थे,नीतीश कुमार के अलावा बिहार के डिप्टी सीएम के रूप में सम्राट चौधरी और विजय सिन्हा ने शपथ ग्रहण की है,नीतीश कुमार के कैबिनेट में कुल 27 मंत्रियों ने शपथ ले लिया है सबको अलग-अलग मंत्रालय शौप दीया गया है,अब देखते हैं कि नीतीश कुमार ने जो सपने दिखाए थे बिहार की जनता को उसे पूरा कर पाते हैं या नहीं जानने के लिए पढ़ते रहिए मेरा न्यूज़ चैनल
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